नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। पूणे में एक्सीडेंट मामले में 17 वर्षीय लड़के को बार में शराब देने के मामले में बार के मालिक और मैनेजर को आज पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस हादसे में नाबालिग आरोपी ने शराब पीकर पोर्श कार से दो लोगों को टक्कर मारी जिसमें 2 लोगों की मौके पर मौत हो गई।
सभी आरोपियों पर मुकदमा दर्ज
पुणे सीपी अमितेश कुमार ने ANI को बताया कि “पुलिस ने बार के मालिक और बार मैनेजर सहित 1 अन्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। जिन्होंने दुर्घटना की रात नाबालिग आरोपी को शराब परोसी थी।” आज सुबह पुणे पुलिस ने नाबालिग आरोपी के पिता को महाराष्ट्र के संभाजीनगर से गिरफ्तार किया है। नाबालिग आरोपी के पिता शहर के जाने-माने रियल एस्टेट व्यपारियों में से एक है। आरोपी के पिता और बार के मालिक सहित चार अन्य पर मोटर वाहन अधिनियम (MVA) और किशोर न्याय अधिनियम (JJA) की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। नाबालिग को बिना लाइसेंस के हाई-एंड कार चलाने की इजाजत देने के आरोप में पिता को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने जांच पड़ताल में पता चला कि आरोपी लड़के के पिता ने अपने बेटे को इस साल मार्च के महीने में 2 करोड़ की पोर्श की कार गिफ्ट में दी थी। नाबालिग को अभी 18 साल का होने में अभी भी 4 महीने बाकी है।
300 शब्दों का निबंध
इस दुर्घटना के बाद नाबालिग को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इसके कुछ घंटों के अंदर ही किशोर न्याय बोर्ड ने उसे रिहाई का आदेश दिया। बोर्ड ने कुछ शर्तों पर रिहाई दी। उससे शराब छोड़ने और पुणे ट्रैफिक पुलिस के साथ 15 दिन तक काम में मदद करने के लिए आदेश दिया है। इसके अलावा इस दुर्घटना पर 300 शब्दों का एक निबंध लिखने के लिए कहा है। मुख्य आरोपी को जमानत मिलने पर लोगों ने नाराजगी जताई है लोगों ने सोशल मीडिया पर कहा कि 2 मासूम लोगों की जान चली गई और सजा ऐसी मामूली मिली है। लोगों ने कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाना शुरु कर दिया है।
पुलिस की याचिका खारिज
हालांकि, पुणे पुलिस आयुक्त ने 19 मई को कहा कि वे इस मामले में किशोर न्याय कोर्ट (बोर्ड) के समक्ष एक आवेदन दायर किया था जिसमें नाबालिग पर वयस्क के रूप में मुकदमा चलाने और अपराध जघन्य होने के कारण उसे अवलोकन गृह में भेजने की अनुमति मांगी गई थी। लेकिन कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी थी। इस याचिका को अब पुलिस ने डिस्ट्रिक कोर्ट में दर्ज कराया है।
अन्य ख़बरों के लिए क्लिक करें – www.raftaar.in




