नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। महाराष्ट्र में बीएमसी सहित 29 नगर निगम क्षेत्रों के लिए हुए चुनावों में बीजेपी और उसके गठबंधन ने एकतरफा बढ़त की ओर है। इस चुनाव में पहली बार बीएमसी में बीजेपी बहुमत की ओर बढ़ती दिख रही है। वहीं उद्धव ठाकरे की शिवसेना और राज ठाकरे की MNS का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा।
नवी मुंबई में केवल एक सीट पर ही पार्टी बढ़त बना सकी
बीजेपी गठबंधन ने पूरे महाराष्ट्र में अपनी ताकत साबित कर दी है। शुरुआती दौर में कांग्रेस को कुल 222 सीटों में बढ़त मिली है, जबकि मनसे को केवल 12 सीटों पर ही बढ़त मिली थी। मुंबई की 227 सीटों में से मनसे केवल 5 सीटों पर आगे थी, कल्याण-डोंबिवली की 122 सीटों में 4 सीटें, ठाणे की 131 सीटों में सिर्फ एक सीट, नासिक की 122 सीटों में दो सीटें और नवी मुंबई में केवल एक सीट पर ही पार्टी बढ़त बना सकी।
राज ठाकरे की पार्टी को 22 शहरों में एक भी सीट नहीं मिली
राज ठाकरे की पार्टी को 22 शहरों में एक भी सीट नहीं मिली। इन शहरों में पुणे, संभाजीनगर, कोल्हापुर, सांगली-मिरज, मीरा-भायंदर, वसई-विरार, भिवंडी, पनवेल, नागपुर, परभणी, जलगांव, पिंपरी-चिंचवड़, सोलहपुर, मालेगांव, धुले, इचलकरंजी, नांदेड़, लातूर, अमरावती, अकोला और चंद्रपुर शामिल हैं।
ठाकरे ब्रदर्स ने लंबे समय बाद साथ आकर चुनाव लड़ा
मुंबई में ठाकरे ब्रदर्स ने लंबे समय बाद साथ आकर चुनाव लड़ा। बीएमसी के कुल 227 वार्डों में MNS और शिवसेना (यूबीटी) ने मिलकर उम्मीदवार उतारे, लेकिन इसके बावजूद MNS को केवल 5 सीटें ही मिल सकीं। राज ठाकरे ने पुणे और नासिक में पूरी ताकत झोंक दी थी क्योंकि इसे उनका गढ़ माना जाता है, लेकिन वहां भी पार्टी केवल 2 सीटों पर ही आगे रही।
राज ठाकरे की राजनीतिक चमक पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
विश्लेषकों का कहना है कि इस चुनाव में बीजेपी और शिंदे की शिवसेना की बढ़त स्पष्ट है। बीजेपी गठबंधन ने पूरे महाराष्ट्र में मजबूत पकड़ बनाई और बीएमसी में पहली बार बहुमत की ओर अग्रसर है। दूसरी ओर, MNS का प्रदर्शन बेहद कमजोर रहा, जिससे राज ठाकरे की राजनीतिक चमक पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
शिंदे की शिवसेना ने लगातार बढ़त बनाई
राज ठाकरे की पार्टी का सफाया महाराष्ट्र के नगर निगम चुनावों में साफ दिखाई दे रहा है। 29 शहरों में से कई प्रमुख शहरों में उनका खाता भी नहीं खुला, जबकि बीजेपी और शिंदे की शिवसेना ने लगातार बढ़त बनाई। बीजेपी गठबंधन की जीत इस बात का संकेत है कि महाराष्ट्र में उनका संगठन और सियासी पकड़ मजबूत हो रही है।
बीजेपी और शिंदे की शिवसेना का पूरा दबदबा
मुंबई में MNS और शिवसेना (यूबीटी) के मिलकर चुनाव लड़ने के बावजूद केवल कुछ वार्डों में ही सफलता मिली, जिससे यह साफ हो गया कि पार्टी की लोकप्रियता लगातार घट रही है। इसके विपरीत बीजेपी और शिंदे की शिवसेना ने अपने गठबंधन के दम पर पूरी तरह दबदबा बनाया और चुनाव में निर्णायक बढ़त हासिल की।
इस चुनाव का असर लंबे समय तक दिखाई देगा।
इस चुनाव से यह भी स्पष्ट हुआ कि महाराष्ट्र में बीजेपी गठबंधन की ताकत और विस्तार लगातार बढ़ रहा है, जबकि MNS अब सिर्फ कुछ सीमित वार्डों और शहरों तक ही सिमटती नजर आ रही है। आगामी सियासी समीकरणों में इस चुनाव का असर लंबे समय तक दिखाई देगा।
मुख्य आंकड़े
कुल वार्ड: 2869
बीजेपी: 1064
शिंदे की शिवसेना: 282
कांग्रेस: 222
एमएनएस: 12
मुंबई में एमएनएस: 5/227
कल्याण-डोंबिवली: 4/122
नासिक: 2/122
इस चुनाव ने साफ कर दिया कि महाराष्ट्र में बीजेपी गठबंधन अब सबसे मजबूत ताकत बनकर उभरा है और राज ठाकरे की एमएनएस अब सिर्फ कुछ शहरों तक सीमित रह गई है।





