भोपाल, 02 जून (हि.स.)। मप्र कांग्रेस ने जूडा एसोसिएशन के अध्यक्ष के माता पिता को प्रताडि़त करने वाले पुलिसकर्मी बर्खास्त करने मांग की है। कांग्रेस विधायक डा. अशोक मस्कोले ने कहा है कि प्रदेश के जूनियर डॉक्टर्स की हड़ताल का आज लगातार तीसरा दिन होने से स्वास्थ्य सेवाएं ठप्प है। राज्य सरकार की प्रशासनिक नाकामी के दुष्परिणाम के कारण कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के समय में जूनियर डॉक्टर को हड़ताल पर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा है। यह स्वास्थ्य विभाग और राज्य की हिटलारशाही सरकार के दोयम दर्जे की जनविरोधी नीतियों का परिणाम है। कांग्रेस विधायक ने राज्य सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि इन बीते 3 दिन से प्रदेश भर में मरीज उपचार के लिए परेशान होते रहे, लेकिन सरकार ने अपनी तरफ से डॉक्टरों को समझाने, या उनकी जायज मांगे मानने की दिशा में कोई सकारात्मक पहल नहीं की। सरकार का यह कदम सीधे-सीधे मध्य प्रदेश की जनता के स्वास्थ्य और जीवन से खिलवाड़ है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार डॉक्टर्स की मांग मानने के बजाय उनका उत्पीडऩ करने पर आमादा हो गई है। आज समाचार माध्यमों में जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ हरीश पाठक का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है की डॉक्टर्स की हड़ताल तुड़वाने के लिए मध्य प्रदेश पुलिस ने देर रात उनके पैतृक आवास पर छापा मारा, उनके माता-पिता को परेशान किया और उन पर दबाव बनाया कि उनका बेटा इस हड़ताल से बाहर हो जाए और डॉक्टरों की हड़ताल समाप्त कर दे। सरकार का यह कृत्य घोर अमानवीय और निंदनीय है। मस्कोले ने कहा की जिन डॉक्टरों ने अपनी जान पर खेलकर दिन रात कोरोना महामारी से युद्ध लड़ा है, जिन्हें कल तक सरकार कोरोना योद्धा बताती थी और जिनके ऊपर पिछले साल फूल बरसाए गए थे, आज जब वे अपना परिवार चलाने के लिए अपना वेतन मांग रहे हैं तो उनका उत्पीडऩ किया जा रहा है। ऐसा अत्याचार तो तानाशाह सरकार ही कर सकती है। मध्य प्रदेश कांग्रेस इस तानाशाही को नहीं चलने देगी। मध्य प्रदेश सरकार की यह चालबाजी लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और पूरी तरह से तानाशाही पूर्ण रवैया है। मस्कोल ने सवाल किया कि जब मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 1 महीने पहले स्वयं जूनियर डॉक्टर से कह चुके थे कि वे उनकी मांगे मान लेंगे तो उन्होंने अब तक इसका लिखित आदेश क्यों नहीं निकाला? जूनियर डॉक्टर्स कोई अलग मांग नहीं कर रहे हैं, बल्कि यही मांग कर रहे हैं कि जो वादा मुख्यमंत्री ने उनसे किया था उसे पूरा किया जाए। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को तत्काल डॉक्टरों की सभी मांगें माननी चाहिए, जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ पाठक के माता-पिता का उत्पीडऩ करने वाले पुलिस अधिकारियों को तत्काल बर्खास्त करना चाहिए, ताकि ऐसी परिस्थितियां बन सकें कि डॉक्टर्स की हड़ताल समाप्त हो स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर आ जाए और मध्य प्रदेश की जनता इस महामारी में स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित ना हो सके। हिन्दुस्थान समाचार/ मुकेश तोमर





