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टीकाकरण में उदासीनता बरतने पर बीएमओ सहित 7 महाविद्यालय प्राचार्यों को नोटिस

अनूपपुर, 22 जून (हि.स.)। टीकाकरण महाभियान के प्रति उदासीनता बरतने पर जैतहरी के खण्ड चिकित्सा अधिकारी,मुख्य नगर पालिका अधिकारी, अनूपपुर महाविद्यालय प्राचार्य सहित 6 महाविद्यालय प्राचार्यों को कलेक्टर सोनिया मीना ने मंगलवार को कारण बताओ नोटिस जारी कर कहा हैं कि पत्र प्राप्ति के 3 दिवस के भीतर प्रस्तुत करें। समय सीमा में जवाब प्रस्तुत न करने अथवा संतोषप्रद न होने की दशा में अनुशासनात्मक कार्यवाही हेतु वरिष्ठ अधिकारियों को लेख किया जावेगा। जिसके लिए स्वयं जिम्मेवार होंगे। इसमें खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोहन सिंह श्याम, मुख्य नगर पालिका अधिकारी, भूपेन्द्र सिंह, शासकीय तुलसी महाविद्यालय अनूपपुर प्राचार्य (लीड) डॉ. परमानंद तिवारी, प्राचार्य शासकीय महाविद्यालय कोतमा डॉ. व्हीके सोनवानी, प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय वेंकटनगर डॉ. आर.के. सोनी, प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय पुष्पराजगढ डॉ.डीपी शार्मे, प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय जैतहरी डॉ. आर.एस. वाटे, प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय राजनगर डॉ. माया पारस तथा प्राचार्य एवं शासकीय महाविद्यालय बिजुरी डॉ. विक्रम सिंह बघेल को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। जारी नोटिस में कहा गया हैं कि कोरोना संक्रमण को रोकने के राज्य शासन द्वारा टीकाकरण महाअभियान प्रारंभ होने के पूर्व वर्चुअल वीडियो कान्फेंसिंग के माध्यम से की बैठक में जनजागरूकता व अन्य दिये गये कार्य किये जाने हेतु निर्देशित किया गया था। इस तरह 21 जून को प्रात: 10 बजे, जैतहरी टीकाकरण केन्द्र का भ्रमण किया गया। केन्द्र में प्रात: 10 बजे तक एक भी व्यक्ति का पंजीयन/ टीकाकरण न होना, सायं 5 बजे तक लक्ष्य अनुसार प्रगति नहीं भेजना,टीकाकरण महाअभियान के संबंध में जारी निर्देशों का गंभीरता से पालन नहीं करना यह कृत्य गैर जिम्मेदाराना है और मप्र सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम का उल्लंघन है। इस तरह से 7 प्राचार्यों टीकाकरण महाअभियान की जानकारी समय से उपलब्ध नहीं करायें जाने पर पर कारण बताओ नोटिश जारी 3 दिवस के भीतर जबाब प्रस्तुत करें, समय सीमा में जवाब प्रस्तुत न करने अथवा संतोषप्रद न होने की दशा में अनुशासनात्मक कार्यवाही हेतु वरिष्ठ अधिकारियों को लेख करनें की बात कहीं हैं। जिसके लिए स्वयं जिम्मेवार होंगे। हिन्दुस्थान समाचार/ राजेश शुक्ला

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