गुना, 23 मार्च (हि.स.)। जिले कोरोना मरीजों की बढ़ती संख्या और खतरे को देखते हुए जिला संकट समूह की बैठक आयोजित की गई, जिसमें निर्णय लिया गया कि आगामी दिनों में जनसुनवाई नहीं होगी। मंगलवार को भी जनसुनवाई में पहुंचे सैकडों लोगों को वापस अपने घरों के लिए लौटना पड़ा, तो वहीं कई लोग जिद पर अड़ गए कि अगर जनसुनवाई में शिकायत आवेदन नहीं दे पा रहे हैं, तो डिप्टी कलेक्टर आकर ज्ञापन नहीं ले लें। हालांकि आगामी आदेश तक अब गुना में जनसुनवाई के आयोजन नहीं होंगे। कलेक्ट्रेट में हर मंगलवार जनसुनवाई का आयोजन किया जाता था, जिसमें 200 से अधिक ग्रामीण शिकायती आवेदन लेकर पहुंचते थे। कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम सभी के आवेदनों को लेकर शिकायतों का निराकरण करते थे, लेकिन जिले में बढ़ते कोरोना मरीजों की संख्या को देखते हुए मंगलवार की जनसुनवाई स्थगित कर दी गई है। एडीएम विवेक रघुवंशी ने बताया कि जिला संकट समहू में जनसुवाई स्थगित करने का निर्णय लिया गया है, क्यों कि जनसुनवाई में भी काफी संख्या में लोग आते थे, जिसकी वजह से निरस्त की गई है। ग्रामीणों को जानकारी नहीं तो आवेदन लेकर अफसरों का कर रहे थे इंतजार: कलेक्ट्रेट में मंगलवार की सुबह 10 बजे से ग्रामीण शिकायती आवेदन लेकर जनसुनवाई कक्ष के बाहर बैठे थे। ग्रामीणों का कहना था कि 11 बजे से जनसुनवाई शुरू होगी, जिसमें अधिकारी आकर उनकी शिकायतों का निराकरण करेंगे, लेकिन 11 बजे जिले के सभी अधिकारी हाट रोड, जय स्तंभ चौराहा, हनुमान चौराहे पर कोविड गाइड लाइन का पालन करने के लिए सड़क पर दिखे, लेकिन एक भी अधिकारी कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में नहीं पहुंचा। साथ ही ग्रामीणों से कहा गया कि आगामी आदेश तक जनसुनवाई निरस्त कर दी गई है। हिन्दुस्थान समाचार / अभिषेक




