नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। कर्नाटक कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर चल रही अटकलों के बीच मुख्यमंत्री पद का मुद्दा फिर से सुर्खियों में आ गया है। DK शिवकुमार कैंप के विधायक बसवराज शिवगंगा ने दावा किया है कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री DK शिवकुमार के बीच 2.5-2.5 साल का पावर-शेयरिंग समझौता हुआ था, जो भविष्य में दोनों नेताओं के बीच पद और सत्ता के बंटवारे को स्पष्ट करता है।
बसवराज शिवगंगा का बयान: हाईकमान की ही मान्यता
बसवराज शिवगंगा ने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री को लेकर किसी भी बयान को तब तक गंभीरता से नहीं लेना चाहिए, जब तक वह कांग्रेस हाईकमान की ओर से न आया हो। उन्होंने यथींद्रा के बयानों को भी हल्के में लेने की सलाह दी और जोर देकर कहा कि हाईकमान के अलावा किसी के बयान को गंभीरता से मत लीजिए। शिवगंगा ने कहा, “कम से कम मेरे बयान को गंभीरता से लिया जाना चाहिए, क्योंकि मैं विधायक हूं और मुख्यमंत्री चुनने में मेरा वोट है, जबकि यथींद्रा के पास ऐसा कोई वोट नहीं है। मीडिया को तय करना है कि किसके बयान को तवज्जो देनी है।
कर्नाटक में पावर शेयरिंग और DK शिवकुमार का समर्थन
बसवराज शिवगंगा ने दावा किया कि उन्हें जानकारी मिली है कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के बीच 2.5 साल का पावर-शेयरिंग फॉर्मूला तय हुआ था, जिसमें सिद्धारमैया ने इस व्यवस्था का वादा किया था। इस बीच, DK शिवकुमार के समर्थन में मंगलुरु से कांग्रेस विधायक अशोक राय भी सामने आए हैं। उन्होंने खुले मंच पर कहा कि DK शिवकुमार छह महीने के भीतर मुख्यमंत्री के रूप में मंगलुरु लौटेंगे। मंगलुरु में एक कार्यक्रम के दौरान अशोक राय ने DK शिवकुमार के साथ मंच साझा करते हुए कहा, “हम छह महीने में इस कांग्रेस भवन का निर्माण पूरा कर लेंगे और जब आप मुख्यमंत्री बनकर आएंगे, तब इसी भवन का उद्घाटन करेंगे।
कर्नाटक कांग्रेस में नेतृत्व पर विवाद और हाईकमान की चुप्पी
अशोक राय का बयान ऐसे समय में आया है जब कर्नाटक कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर पहले से ही अंदरूनी खींचतान की खबरें आ रही हैं। एक के बाद एक विधायकों के बयानों से पार्टी के भीतर मुख्यमंत्री पद को लेकर असहमति सार्वजनिक हो रही है। हालांकि, कांग्रेस हाईकमान ने अब तक पावर शेयरिंग फॉर्मूले या नेतृत्व परिवर्तन को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है और लगातार यह दोहराया जा रहा है कि सरकार स्थिर है और मुख्यमंत्री पद में कोई बदलाव तय नहीं है।





