नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में रहने वाले लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है। दिल्ली सरकार ने कल यानी 25 नवंबर 2025 को सार्वजनिक अवकाश (सरकारी छुट्टी) घोषित किया है। इस घोषणा के बाद, दिल्ली सरकार के अधीन आने वाले सभी सरकारी कार्यालय और दफ्तर कल बंद रहेंगे। उपराज्यपाल (LG) द्वारा इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गई है। दिल्ली सरकार ने यह छुट्टी सिखों के नौवें गुरु, श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में घोषित की है।
गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को श्रद्धांजलि
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर इस सार्वजनिक अवकाश की घोषणा की। उन्होंने बताया कि यह दिन सिर्फ श्रद्धांजलि देने का नहीं, बल्कि गुरु साहिब के महान संदेशों को याद करने का है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार ने श्री गुरु तेग बहादुर साहिब के शहीदी दिवस पर छुट्टी घोषित करने का निर्णय लिया है। उनका साहस, करुणा और धार्मिक स्वतंत्रता का संदेश हम सभी को सदैव प्रेरित करता रहेगा।दिल्ली सरकार का कहना है कि यह बलिदान हमें सत्य, न्याय और धर्म-स्वतंत्रता की रक्षा को मानव जीवन का सर्वोच्च कर्तव्य मानने के लिए प्रेरित करता है।
लाल किले में तीन दिवसीय भव्य समागम
गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस के पावन अवसर पर दिल्ली सरकार ने लाल किले में तीन दिवसीय भव्य आयोजन का इंतजाम किया है, जिसका समापन कल (25 नवंबर) होगा। यह समागम 23 नवंबर से शुरू हुआ है और कल आखिरी दिन भी जारी रहेगा।इस आयोजन में गुरु साहिब के जीवन और उपदेशों को दर्शाने के लिए लाइट एंड साउंड शो, संग्रहालय, कीर्तन दरबार और सेवा-लंगर का आयोजन किया गया है, जिसे अत्यंत भव्य और प्रेरक रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने दिल्लीवासियों से इस समागम में सपरिवार शामिल होने की अपील की है।यह अवकाश गुरु तेग बहादुर साहिब के मानवता, अद्वितीय साहस और सर्व धर्म स्वतंत्रता के संदेश को सम्मान देने के लिए घोषित किया गया है।
दिल्ली सरकार द्वारा नौवें सिख गुरु श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय ‘भव्य समागम’ आज (25 नवंबर) समाप्त हो रहा है। यह आयोजन इतिहास और धर्म-स्वतंत्रता के संदेश को भव्य रूप से प्रस्तुत कर रहा है।दिल्ली सरकार ने 25 नवंबर को इसी उपलक्ष्य में सार्वजनिक अवकाश भी घोषित किया है। अगर आप आज इस ऐतिहासिक समागम में शामिल होना चाहते हैं, तो कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी यहाँ दी गई है।
समागम का समय और स्थान
आयोजन स्थल लाल किला (Lal Qila) का मैदान, दिल्ली
आयोजन अवधि 23 नवंबर से 25 नवंबर
प्रवेश समय (सामान्य अनुमान) शाम 4:00 बजे से रात 9:30 बजे तक
आयोजक दिल्ली सरकार
प्रवेश शुल्क सभी के लिए निःशुल्क
आज के समागम के मुख्य आकर्षण
सीएम रेखा गुप्ता द्वारा बताए गए अनुसार, इस तीन दिवसीय आयोजन में कई महत्वपूर्ण गतिविधियाँ शामिल हैं, जिनका आनंद आज भी लिया जा सकता है। जहां देश भर से आए प्रसिद्ध रागी जत्थों (Ragi Jathas) और संगीतकारों द्वारा गुरु साहिब की महिमा और उपदेशों पर आधारित मधुर कीर्तन और गुरबाणी गायन की जाएंगी। गुरु तेग बहादुर जी के जीवन-चरित्र, दिल्ली आगमन, और धर्म की रक्षा के लिए उनके अद्वितीय बलिदान को आधुनिक तकनीक के माध्यम से बड़े और प्रेरक रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है।
एक विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया गया है, जो उनके उपदेशों, ऐतिहासिक घटनाओं और उस विरासत को दर्शाती है, जिसने भारत के स्वाभिमान को आलोकित किया। गुरुद्वारों की परंपरा के अनुसार, यहाँ आने वाले सभी भक्तों और आगंतुकों के लिए पूरे दिन सेवा-लंगर की व्यवस्था की गई है। दिल्ली सरकार ने सभी नागरिकों से आग्रह किया है कि वे इस अंतिम दिन अपने परिवार के साथ आएं और गुरु साहिब के बलिदान को याद करें।





