नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के मद्देनजर एनडीए (NDA) ने आज शुक्रवार को अपना साझा घोषणापत्र जारी कर दिया। इस मेनिफेस्टो में बिहार की जनता के लिए कई बड़े वादे किए गए हैं, जो चुनावी माहौल को और गरमा देंगे। घोषणापत्र जारी करने का कार्यक्रम पटना के गांधी मैदान स्थित होटल मौर्या में आयोजित किया गया।
इस मौके पर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, संजय कुमार झा और ललन सिंह भी मौजूद रहे। इसके अलावा, केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, चिराग पासवान और राष्ट्रीय लोक मोर्चा के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने भी इस कार्यक्रम में भाग लिया। सभी प्रमुख नेताओं की मौजूदगी में एनडीए का साझा घोषणापत्र जनता के सामने पेश किया गया। घोषणापत्र में राज्य के कई अहम वादों का जिक्र किया गया है।
एनडीए घोषणापत्र 2025: किए गए ये वादे
बिहार चुनाव के लिए एनडीए के साझा घोषणापत्र में महिला सशक्तिकरण और रोजगार को लेकर बड़े वादे किए गए हैं। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि सरकार एक करोड़ से अधिक सरकारी नौकरियों और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराएगी। हर जिले में मेगा स्किल सेंटर स्थापित किए जाएंगे, जिससे बिहार को ग्लोबल स्किलिंग सेंटर के रूप में तैयार किया जाएगा। मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत महिलाओं को दो लाख रुपये तक की सहायता राशि दी जाएगी और एक करोड़ महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा मिशन करोड़पति भी शुरू किया जाएगा।
घोषणा पत्र में अतिपिछड़ा वर्ग के लिए भी बड़े प्रावधान किए गए हैं। इसके तहत विभिन्न व्यावसायिक समूहों को 10 लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी। साथ ही सुप्रीम कोर्ट के जज की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय समिति का गठन किया जाएगा, जो अतिपिछड़ा वर्ग की सामाजिक और आर्थिक स्थिति का आकलन कर सरकार को सशक्तिकरण के न्यायोचित कदम सुझाएगी।
महागठबंधन भी कर चुकी है घोषणापत्र जारी
बिहार चुनाव के मद्देनजर महागठबंधन ने 28 अक्टूबर को अपना साझा घोषणापत्र जारी किया था। इस घोषणापत्र को महागठबंधन ने ‘तेजस्वी प्रण’ नाम दिया है। घोषणापत्र में कई बड़े वादे किए गए हैं। इनमें पुरानी पेंशन योजना को लागू करना, हर घर एक सरकारी नौकरी के लिए सरकार बनने के 20 दिन के भीतर अधिनियम बनाना और अन्य सामाजिक एवं आर्थिक विकास से जुड़े कदम शामिल हैं। तेजस्वी यादव ने इस मौके पर बयान दिया कि वे इस ‘तेजस्वी प्रण’ को पूरा करने के लिए अपने प्राण भी न्योछावर कर देंगे। इस घोषणापत्र को विपक्ष ने बिहार की जनता के लिए सशक्त और विकासोन्मुख योजनाओं का प्रतीक बताया है।




