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फार्म मशीनरी बैंक की स्थापना पर बल दे रहा है कृषि विज्ञान केन्द्र

बेगूसराय, 19 मई (हि.स.)। कोरोना काल में किसानों की खेती पर इसके असर को कम करने के लिए कृषि विज्ञान केंद्र बेगूसराय में द्वारा आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण का समापन बुधवार को हो गया। फार्म मशीनरी बैंक की स्थापना तथा इसके सफल परिचालन विषय पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण में बिहार के 17 जिलों से 185 प्रतिभागियों ने नामांकन कराया था। लेकिन डिजिटल प्लेटफॉर्म के उपयोग की सही जानकारी ना होने से मात्र 70 लोगों ने इस प्रशिक्षण में भाग लिया। वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. राम पाल ने कार्यक्रम के उद्देश्यों एवं रूपरेखा का वर्णन करते हुए विषय प्रवेश कराया। अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। मुख्य अतिथि डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय के निदेशक (प्रसार शिक्षा) डॉ. एम.एस. कुंडू ने प्रशिक्षण के विषय की गंभीरता को समझाया। इसके बाद इंजीनियर विनीता कश्यप ने फार्म मशीनरी बैंक की आवश्यकता तथा महत्व पर विस्तार से चर्चा किया। रोहतास जिले के फॉर्म बैंक संचालन में सफल किसान गौतम प्रसाद सिंह तथा छौराही प्रखंड के एकंबा गांव के किसान सलाहकार अनीश कुमार ने अपने-अपने अनुभव को प्रतिभागियों के साथ साझा किया। सहायक निदेशक (कृषि अभियंत्रण) अजीत कुमार ने सरकार द्वार फार्म मशीनरी बैंक स्थापना के लिए चलाए जा रहे योजनाओं तथा विषय वस्तु विशेषज्ञ इंजीनियर निधि सिंह ने बैंक प्रबंधन तथा रखरखाव विषय पर विस्तार से चर्चा की। डॉ. एस. पटेल (वरीय वैज्ञानिक एवं विभागाध्यक्ष कृषि अभियंत्रण महाविद्यालय) ने प्रशिक्षणार्थियों को उनके जोत एवं फसल के अनुसार उपयोगी मशीनों का चयन करने तथा डॉ. रामपाल ने कृृषि मशीन को खरीदने का निर्णय लेने के लिए विभिन्न तकनीकों की जानकारी दी। इंजीनियर सौरभ शंकर पटेल ने मशीनों के परिचालन में सावधानियां एवं स्वास्थ्य बिंदुओं पर चर्चा किया। इसके बाद विनीता कश्यप ने किसी भी मशीन का किराया निर्धारण की जानकारी प्रतिभागियों को दी। इस दौरान एकंबा के किसान सलाहकार अनीश कुमार ने अपने कस्टम हायरिंग सेंटर का लाइव प्रत्यक्षण सभी प्रतिभागियों को कराया। हिन्दुस्थान समाचार/सुरेन्द्र/चंदा

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