back to top
21.1 C
New Delhi
Thursday, April 9, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

भ्रमित वापसी के साथ अमेरिका ने अफगान युद्ध को समाप्त किया (विश्लेषण)

न्यूयॉर्क, 31 अगस्त (आईएएनएस)। अमेरिका ने मंगलवार को अफगानिस्तान में आखिरी अमेरिकी वायु सेना विमान सी-17 ग्लोबमास्टर की उड़ान के साथ ही अपने सबसे लंबे युद्ध को एक भ्रमित वापसी के साथ समाप्त कर दिया। साल 2001 में अमेरिका में अफगानिस्तान स्थित अल कायदा द्वारा किए गए 9/11 के आतंकी हमलों की बरसी से 11 दिन पहले अंतिम वापसी हुई। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेने ने कहा, मैं अपने कमांडरों और उनके अधीन सेवा कर रहे पुरुषों और महिलाओं को अफगानिस्तान से खतरनाक वापसी की प्रक्रिया को अंजाम देने के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं। जैसा कि वापसी के लिए 31 अगस्त की तिथि निर्धारित की गई थी, अमेरिकी जीवन का कोई और नुकसान नहीं हुआ है। सैन्य कमांडर जनरल केनेथ मैकेंजी ने कहा, यह एक ऐसा मिशन था जिसने ओसामा बिन लादेन के साथ उनके सह साजिशकर्ताओं को मौत के घाट उतार दिया गया। यह एक सस्ता मिशन नहीं था। इसमें 2,461 अमेरिकी सेवा सदस्य और नागरिक मारे गए और 20,000 से अधिक घायल हुए। उन्होंने कहा कि इस युद्ध में साथ ही अनुमानित 2.3 ट्रिलियन डॉलर, भारत के बजट के आकार का लगभग पांच गुना, अमेरिका द्वारा युद्ध पर खर्च किया गया। इसके अलावा, 1,000 से अधिक नाटो सैनिक, 66,000 अफगान सुरक्षाकर्मी, लगभग 50,000 नागरिक और 50,000 तालिबान और अन्य आतंकवादी युद्ध में मारे गए। युद्ध के अंतिम क्षणों में आत्मघाती हमलावरों को ले जाने के संदेह में एक वाहन पर अमेरिकी हवाई हमला किया गया, जिसमें सात बच्चे मारे गए। अमेरिका के लिए बड़ा लाभ बिन लादेन की मौत और अल कायदा का सफाया था, लेकिन इसका मतलब अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद का अंत नहीं था क्योंकि इस्लामिक स्टेट-खोरासन (आईएस-के) ने अमेरिका और तालिबान दोनों के प्रति अपनी दुश्मनी जाहिर की है। आईएस-के आत्मघाती हमलावर ने 27 अगस्त को काबुल हवाई अड्डे पर अमेरिकी उपस्थिति के कमजोर दिनों में हमले में 13 अमेरिकी सैनिकों और कई अफगानों को मार डाला। देश में जैसे-जैसे अमेरिकी सैन्य उपस्थिति कम होती गई, तालिबानी 300,000-मजबूत अमेरिकी-प्रशिक्षित अफगान रक्षा बलों से प्रांत दर प्रांत लेते चले गए और गनी संयुक्त अरब अमीरात भाग गए। बाइडेन ने हवाई अड्डे को सुरक्षित करने के लिए लगभग 5,000 सैनिकों को भेजा ताकि उन्हें सुरक्षित स्थान पर लाया जा सके। अंत में, काबुल से बाहर का एयरब्रिज 123,000 से अधिक नागरिकों को निकालने में कामयाब रहा। लेकिन जब निकासी शुरू हुई तो हताश लोगों की भयावह तस्वीरों ने दुनिया को झकझोर दिया। लेकिन हजारों, शायद दसियों हजार, पीछे छूट गए हैं, जिनमें 200 अमेरिकी नागरिक भी शामिल हैं। –आईएएनएस आरएचए/आरजेएस

Advertisementspot_img

Also Read:

54 साल बाद अमेरिका का चांद मिशन, चार अंतरिक्ष यात्री रच सकते हैं इतिहास, जानिए क्या और कैसी है तैयारी

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। अमेरिका एक बार फिर चांद मिशन को लेकर चर्चा में है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी NASA अपने महत्वाकांक्षी Artemis II मिशन को...
spot_img

Latest Stories

अब राशन की दुकान से भी बन जाएगा Ayushman Card, जानें ऑनलाइन और ऑफलाइन आसान तरीका

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। सरकार ने आयुष्मान भारत योजना के...

Fulbright Nehru Masters Fellowship: अमेरिका में पढ़ाई का सुनहरा मौका, फीस से लेकर फ्लाइट तक सब फ्री

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। विदेश में पढ़ाई करना हर छात्र...

CSK को बड़ा झटका! अगले मैच में MS Dhoni के खेलने पर सस्पेंस

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। IPL 2026 के बीच Chennai Super...

मौसम के बदलाव से बिगड़ सकती है सेहत, इन बातों का रखें खास ध्यान

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। मौसम में काफी बदलाव देखने...

Exit Poll पर सख्ती: 9 से 29 अप्रैल तक बैन, नियम तोड़ने पर 2 साल की जेल और देना होगा जुर्माना

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। देश में चल रहे विधानसभा चुनावों...

Iran-US Ceasefire: ईरान और अमेरिका के बीच हुआ युद्ध विराम, अब इस चीजों के दाम गिरने तय

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। ईरान और अमेरिका के बीच हालिया...
⌵ ⌵ ⌵ ⌵ Next Story Follows ⌵ ⌵ ⌵ ⌵