नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। 2016 में उरी हमला, 2019 में पुलवामा हमला और अब 2025 में पहलगाम हमला। ये ऐसे हमले हैं जिनसे देश को बहुत नुकसान हुआ है। देश के सीने पर ऐसे घाव हैं जो कभी नहीं भर सकते और भविष्य में भी कभी नहीं भरेंगे। क्योंकि इन हमलों में किसी ने अपना भाई, बेटा, पति और पिता खोया है। इन हमलों ने न केवल देश के एक क्षेत्र को झकझोर दिया है, बल्कि विभिन्न राज्यों ने भी अपने प्रियजनों को खो दिया है।
राष्ट्र सबसे पहले आता है
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हाल ही में 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की जान चली गई थी। इसके बाद पूरा देश इस हमले की निंदा कर रहा है और मुंहतोड़ जवाब देने की मांग कर रहा है। इस बीच, फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (एफडब्ल्यूआईसीई) के महासचिव अशोक दुबे ने भारत में पाकिस्तानी कलाकारों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की है। एएनआई से बात करते हुए उन्होंने कहा कि जब देश की सुरक्षा की बात आती है तो राष्ट्र सबसे पहले आता है।
ताकि हर स्तर पर इसका पालन हो सके
उन्होंने पहलगाम हमले को शर्मनाक बताया और कहा कि अब दोबारा प्रेस विज्ञप्ति जारी की गई है। अशोक दुबे ने कहा कि अगर एफडब्ल्यूआईसीई का कोई भी सदस्य पाकिस्तानी कलाकारों या तकनीशियनों के साथ काम करते पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और उसे इंडस्ट्री में काम करने से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस प्रस्तावित प्रतिबंध को लागू करने के लिए सभी संबंधित फिल्म यूनियनों को पत्र भेजे जा रहे हैं ताकि हर स्तर पर इसका पालन हो सके।
यह देश की सुरक्षा और सम्मान का मामला है
उन्होंने यह भी कहा कि यह सिर्फ संगठन की ही नहीं बल्कि पूरे देश की भावना है। एफडब्ल्यूआईसीई ने सूचना एवं प्रसारण मंत्री को एक पत्र भी लिखा है, जिसमें उसने अपील की है कि अगर कोई भारतीय कलाकार पाकिस्तानी कलाकारों के साथ काम करता है तो उसके खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज किया जाना चाहिए। अशोक ने कहा, ‘हम चाहते हैं कि सरकार इस बारे में अधिसूचना जारी करे ताकि कोई भी ऐसा करने से पहले 1000 बार सोचे।’ यह देश की सुरक्षा और सम्मान का मामला है।
ऐसे मामलों में कोई ढील नहीं दी जाएगी
अशोक दुबे ने बताया कि हमने अपने सभी संबद्ध संगठनों को एक पत्र भेजा है। यदि भविष्य में कोई भी सदस्य पाकिस्तान से संबंधित किसी भी गतिविधि में संलिप्त पाया गया तो उसे फिल्म उद्योग में काम करने से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अब ऐसे मामलों में कोई ढील नहीं दी जाएगी तथा सख्त कार्रवाई की जाएगी ताकि यह एक मिसाल बन जाए। इतना ही नहीं इस हमले का सीधा असर पाकिस्तानी अभिनेता फवाद खान की फिल्म पर भी देखने को मिल रहा है।
इस फिल्म पर प्रतिबंध लगाया जाए
अशोक ने कहा, ‘फिल्म ‘अबीर गुलाल’ 9 तारीख को रिलीज होने वाली थी। हमने निर्माता विवेक अग्रवाल को पत्र भेजकर कहा कि आप इस फिल्म को रिलीज नहीं कर सकते। यदि आप ऐसा करते हैं तो FWICE फिल्म से जुड़े किसी भी यूनिट सदस्य के साथ सहयोग नहीं करेगा। चाहे वह कैमरामैन हो या निर्देशक। हमने मंत्रालय से यह भी मांग की है कि इस फिल्म पर प्रतिबंध लगाया जाए। हमारा उद्देश्य सिर्फ विरोध करना नहीं बल्कि एक कड़ा संदेश देना है।





