मुंबई, 24 अप्रैल (आईएएनएस)। निर्दलीय सांसद नवनीत राणा और उनके पति विधायक रवि राणा को बड़ा झटका देते हुए बांद्रा मजिस्ट्रेट कोर्ट ने देशद्रोह के मामले में रविवार को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। विशेष लोक अभियोजक प्रदीप घरात ने कहा कि अदालत ने राणा की जमानत याचिका पर तत्काल सुनवाई से भी इनकार कर दिया, जो अब अगले शुक्रवार (29 अप्रैल) को होगी। राणा के वकील रिजवान मर्चेंट ने मामले को फर्जी करार दिया और कहा कि पुलिस ने दबाव में आकर आरोप जोड़े है। दंपति ने कानूनों का उल्लंघन नहीं किया है। उन्होंने दावा किया कि सरकारी वकील ने एक भी ऐसा सबूत कोर्ट में पेश नहीं किया है। जिससे दंपत्ति के आरोप साबित हो सके। अदालत के फैसले के बाद, नवनीत राणा को भायखला महिला जेल ले जाया जा सकता है जबकि रवि राणा को आर्थर रोड सेंट्रल जेल में बंद किया जा सकता है। रवि राणा ने दावा किया कि उन्हें मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे द्वारा झूठे मामलों में फंसाया जा रहा है। राणा दंपत्ति को पहले नोटिस जारी किया गया और फिर हिरासत में लिया गया। शनिवार को दो दिनों के हाई-वोल्टेज ड्रामा के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। दरअसल, दंपत्ति ने मुख्यमंत्री के निजी आवास तक मार्च करने और हनुमान चालीसा पढ़ने का ऐलान किया था। इस ऐलान के बाद सैंकड़ों कार्यकर्ता जमा हो गए। कई कार्यकर्ता तो बैरिकेड्स तोड़कर गेट के अंदर भी घुस गए। इस मामले को लेकर खूब सियासत हो रही है। –आईएएनएस पीके/एसकेपी




