नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । आजकल मेडिकल इमरजेंसी से लेकर शादी या ट्रैवल तक हर जरूरत पर लोग पर्सनल लोन लेते हैं। लेकिन चौंकाने वाली बात यह है कि कई बार अच्छी सैलरी और नियमित आमदनी वाले लोगों का भी लोन एप्लीकेशन बैंक और NBFC रिजेक्ट कर देते हैं, जिससे लोग असमंजस में पड़ जाते हैं।
क्या आपने कभी सोचा है कि पर्सनल लोन क्यों रिजेक्ट हो जाता है? क्या वजह क्रेडिट स्कोर, अधूरी डॉक्यूमेंटेशन, नौकरी की अस्थिरता या पहले से ज्यादा EMI का बोझ हो सकता है? असल में, अक्सर हमारी कुछ छोटी-छोटी गलतियां ही लोन एप्लीकेशन रिजेक्ट होने का कारण बनती हैं।
खराब क्रेडिट स्कोर भी चुनौती
आपका क्रेडिट स्कोर आपके वित्तीय स्वास्थ्य का रिपोर्ट कार्ड है। अगर CIBIL स्कोर 700 से कम है, तो बैंक आपको जोखिम भरा ग्राहक मान सकते हैं। इसके मुख्य कारण हैं। समय पर EMI या क्रेडिट कार्ड बिल न चुकाना, पुराने लोन में डिफॉल्ट, और क्रेडिट कार्ड लिमिट का पूरा इस्तेमाल। ये आदतें सीधे लोन रिजेक्शन का कारण बनती हैं।
नौकरी में अस्थिरता भी बड़ी वजह
हीरो फिनकॉर्प के अनुसार, बैंक और वित्तीय संस्थान यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि आपकी आय स्थिर और भरोसेमंद हो। अगर आप बार-बार नौकरी बदलते हैं, तो यह आपकी आय की स्थिरता पर सवाल उठाता है। आमतौर पर, कम से कम एक साल से एक ही कंपनी में कार्यरत आवेदकों को प्राथमिकता दी जाती है। एक ही क्षेत्र में लंबे समय तक काम करना आपकी विश्वसनीयता बढ़ाता है।
पहले से मौजूद भारी कर्ज का भार
आपकी डेट-टू-इनकम रेश्यो (DTI) यानी मासिक आय और EMI का अनुपात, लोन अप्रूवल में अहम भूमिका निभाता है। अगर आपकी आय का 40-50% हिस्सा पहले से ही EMI या बिल में कटता है, तो नया लोन मिलने की संभावना काफी कम हो जाती है, भले ही आपकी सैलरी अच्छी हो।
आय क्षमता से ज्यदा लोन राशि मांगना
अपनी आय क्षमता से अधिक लोन मांगना भी रिजेक्शन का बड़ा कारण है। उदाहरण के लिए, अगर आपकी सैलरी ₹50,000 है और आप पहले से ₹10,000 EMI चुका रहे हैं, तो बैंक शायद ही आपको ₹20,000 EMI वाला नया लोन दे। बैंक हमेशा आपकी चुकाने की क्षमता का आंकलन करता है।
न्यूनतम आय की शर्त को पूरा न करना
हर बैंक या फाइनेंस कंपनी की न्यूनतम आय शर्तें होती हैं। अगर आप इसे पूरा नहीं करते, तो आपका लोन रिजेक्ट हो सकता है। आमतौर पर मेट्रो शहरों में ₹25,000 और छोटे शहरों में ₹15,000 से कम आय वाले आवेदकों का लोन अस्वीकृत हो सकता है, भले ही उनका क्रेडिट स्कोर अच्छा हो।
अधूरे या गलत दस्तावेज का होना
डॉक्यूमेंट्स में कमी या गलत जानकारी आपके लोन एप्लीकेशन को तुरंत रिजेक्ट करवा सकती है। सैलरी स्लिप, पैन कार्ड, आधार कार्ड, एड्रेस प्रूफ और जॉब वेरिफिकेशन जैसे दस्तावेजों में किसी भी तरह की गलती या गड़बड़ी होने पर आपका आवेदन सीधे रद्द किया जा सकता है।
एक साथ कई जगह अप्लाई करना
एक ही समय में कई बैंकों या वित्तीय संस्थानों में लोन के लिए आवेदन करना यह संकेत देता है कि आप वित्तीय रूप से कमजोर हैं या जल्दबाजी में हैं। हर एप्लीकेशन पर CIBIL रिपोर्ट में हार्ड इंक्वायरी होती है, जिससे आपका स्कोर 5-10 अंक तक गिर सकता है। बैंक इसे एक ‘रेड फ्लैग’ मानते हैं।





