नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) आम निवेशकों के बीच सबसे भरोसेमंद और लोकप्रिय योजना है। इसमें सरकार की गारंटी के साथ तय ब्याज मिलता है, इसलिए इसे सुरक्षित निवेश की पहचान कहा जाता है।लेकिन अक्सर नौकरी बदलने या शहर बदलने पर लोगों को यह चिंता रहती है कि पुराने बैंक या डाकघर में खुला उनका PPF खाता अब कैसे संभालें। अब अच्छी खबर यह है कि आप अपना पीपीएफ खाता आसानी से किसी भी बैंक, डाकघर या शाखा में ट्रांसफर कर सकते हैं, और इसका कोई नुकसान या ब्याज का घाटा नहीं होता।
कहां-कहां ट्रांसफर कर सकते हैं खाता?
आप अपना पीपीएफ खाता एक बैंक से दूसरे बैंक, बैंक की एक शाखा से दूसरी शाखा, या डाकघर से बैंक में ट्रांसफर कर सकते हैं।
इस प्रक्रिया में न तो खाता बंद करना पड़ता है और न ही कोई जुर्माना लगता है।
PPF ट्रांसफर की पूरी प्रक्रिया
1. मौजूदा शाखा में जाएं
सबसे पहले, अपने मौजूदा बैंक या डाकघर की शाखा में जाएं।
साथ में PPF पासबुक और वैध पहचान पत्र लेकर जाएं।
2. ट्रांसफर आवेदन पत्र भरें
शाखा से PPF ट्रांसफर रिक्वेस्ट फॉर्म लें और भरें।
इसमें उस नए बैंक या डाकघर शाखा का नाम और पता स्पष्ट रूप से लिखें, जहां आप खाता ट्रांसफर करना चाहते हैं।
3. पावती रसीद लें
फॉर्म जमा करने के बाद बैंक/डाकघर आपको एक Acknowledgement Receipt देगा। इसे भविष्य के रिकॉर्ड के लिए सुरक्षित रखें।
4. पुरानी शाखा द्वारा दस्तावेज भेजे जाएंगे
पुरानी शाखा आपका आवेदन प्रोसेस करेगी और सीलबंद लिफाफे में निम्न दस्तावेज नई शाखा को भेजेगी
खाते के प्रमाणित दस्तावेज
खाते की शेष राशि का चेक या डीडी
नामांकन (Nomination) की कॉपी
खाता खोलने का आवेदन पत्र
5. नई शाखा में KYC प्रक्रिया
जब नई शाखा को दस्तावेज मिल जाते हैं, तो वह आपको सूचना देगी।
आपको वहां जाकर KYC प्रक्रिया पूरी करनी होगी पैन कार्ड, पहचान प्रमाण और पते के प्रमाण के दस्तावेज जमा करने होंगे।
यदि आपके विवरण में कोई बदलाव हुआ है, तो नई शाखा आपसे नया आवेदन फॉर्म भी भरवा सकती है।
6. खाता सक्रिय होने पर ट्रांसफर पूरा
जब सभी औपचारिकताएं पूरी हो जाती हैं, तो नई शाखा आपके पुराने खाते की पूरी शेष राशि ट्रांसफर कर देती है।
इसके बाद आपका PPF खाता नए बैंक या डाकघर में सक्रिय हो जाता है और ब्याज की गणना बिना किसी रुकावट के जारी रहती है।
ट्रांसफर से जुड़े अहम नियम
खाता व्यक्ति से व्यक्ति के नाम पर ट्रांसफर नहीं किया जा सकता।
खाताधारक की मृत्यु पर नॉमिनी खाता जारी नहीं रख सकता, उसे केवल राशि प्राप्त करने का अधिकार होता है। नॉमिनी नया पीपीएफ खाता अपने नाम से खोल सकता है, लेकिन पुराने खाते का संचालन नहीं कर सकता।
ट्रांसफर के दौरान कोई ब्याज या अवधि का नुकसान नहीं होता सभी फायदे जस के तस रहते हैं।
क्यों करें ट्रांसफर फायदे जानें
खाता बंद किए बिना बैंक या शहर बदलने की सुविधा।
ब्याज की गणना और अवधि में कोई बाधा नहीं।
निवेश का पूरा रिकॉर्ड और रकम सुरक्षित रहती है।
बिना झंझट नई शाखा से संचालन की सुविधा।
PPF खाता ट्रांसफर की प्रक्रिया आसान, पारदर्शी और सुरक्षित है।
बस कुछ जरूरी दस्तावेज तैयार रखें और सही फॉर्म भरें।
इससे न केवल आपका निवेश सुरक्षित रहेगा, बल्कि ब्याज और टैक्स छूट जैसे सभी फायदे भी जारी रहेंगे। यानी शहर बदलें, नौकरी बदलें पर PPF का लाभ कभी न खोएं।





