back to top
25.1 C
New Delhi
Wednesday, March 18, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

भारत पर कनाडा के प्रधानमंत्री के आरोपों से अमेरिका चिंतिंतः एंटनी ब्लिंकन

जस्टिन ट्रूडो के भारत पर लगाए गए आपत्तिजनक आरोपों से अमेरिका बेहद ज्यादा चिंतित है। अमेरिका के विदेश मंत्री ने कहा कि ट्रूडो ने एक अलगाववादी सिख नेता की हत्या में भारत की संलिप्तता के आरोप लगाए हैं।

न्यूयॉर्क, हि.स.। कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो के भारत पर लगाए गए आपत्तिजनक आरोपों से अमेरिका बेहद ज्यादा चिंतित है। अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने शुक्रवार को मीडिया से कहा कि ट्रूडो ने एक अलगाववादी सिख नेता की हत्या में भारत की संलिप्तता के आरोप लगाए हैं। यह अमेरिका के लिए चिंता की बात है। हालांकि, ब्लिंकन ने कहा कि यह जरूरी है कि भारत इस मामले की जांच में कनाडा के साथ मिलकर काम करे। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स में विदेशमंत्री ब्लिंकन का यह संवाददाता सम्मेलन चर्चा में है।

हरदीप सिंह निज्जर की हत्या पर जारी है भारत कनाडा विवाद

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ब्लिंकन ने कहा कि अमेरिका इस विषय पर भारत सरकार के साथ सीधे संपर्क में है। खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या पर भारत और कनाडा के बीच कूटनीतिक विवाद जारी है। उल्लेखनीय है कि कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया में 18 जून को हुई निज्जर की हत्या में भारतीय एजेंटों की संभावित संलिप्तता के ट्रूडो के आरोपों के बाद कूटनीतिक विवाद बढ़ गया है।

अमेरिका ने जताई चिंता
ब्लिंकन के हवाले से रिपोर्ट्स में कहा गया है कि भारत के खिलाफ ट्रूडो के आरोपों के बारे में पूछे जाने पर अमेरिकी विदेशमंत्री ने कहा उन्हें इसके बारे में कुछ बातें कहनी है। पहली, प्रधानमंत्री ट्रूडो ने जो आरोप लगाए हैं उन्हें लेकर हम अत्यधिक चिंतित हैं। अमेरिका लगातार कनाडाई सहयोगियों के साथ बातचीत कर रहा है। इस समय जरूरी यह है कि कनाडा की जांच आगे बढ़े और भारत इस जांच में कनाडा के साथ काम करे।


अमेरिकी राष्ट्रपति ने पीएम मोदी के समक्ष उठाया मुद्दा

ब्लिंकन से उस रिपोर्ट के बारे में भी पूछा गया कि अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने निजी तौर पर यह मुद्दा भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के समक्ष उठाया है। मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि इस सवाल पर विदेशमंत्री ने कहा कि वह राजनयिक स्तर की बातचीत के बारे में कुछ बोलना नहीं चाहते। दूसरी ओर, अन्य मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि कनाडा ने हालांकि अपने आरोपों के संबंध में कोई साक्ष्य साझा नहीं किया है लेकिन उसने यह जरूर कहा है कि उसके आरोप खुफिया जानकारी और ओटावा के फाइव आइज खुफिया नेटवर्क के एक सहयोगी देश से मिली गोपनीय सूचनाओं पर आधारित हैं। फाइव आइज खुफिया नेटवर्क में कनाडा, अमेरिका, ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड शामिल हैं।

Advertisementspot_img

Also Read:

क्या अमेरिका में भी घर-घर होती है LPG सिलेंडर की डिलीवरी? जानिए भारत से कितना अलग है रसोई गैस का सिस्टम

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। भारत में रसोई गैस का मतलब आमतौर पर लाल रंग का LPG सिलेंडर होता है, जिसे खत्म होने पर बुक...
spot_img

Latest Stories

IPL 2026 से पहले BCCI ने जारी की नई गाइडलाइंस, जानिए क्या है ये साढ़े तीन घंटे वाला नया नियम?

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। इंडियन प्रीमियर लीग 2026 के शुरू...

Anurag Dobhal ने खुद दिया अपना हेल्थ अपडेट, बोले एक नया जन्म मिला है

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। यूट्यूबर अनुराग डोभाल (Anurag Dobhal),...

Stock Market Today: तीसरे दिन भी झूम उठा शेयर बाजार, Sensex 410 अंक उछला, Nifty 23,672 के पार

नई दिल्ली, रफतार डेस्क। बुधवार, 18 मार्च को भारतीय...

Hindu Population Iran: ईरान में हिंदू आबादी कितनी? क्या वहां हैं मंदिर, जानिए पूरी सच्चाई

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के...

ईद से पहले अपनी स्क्रीन का इस प्रकार रखें ध्यान, ग्लोइंग दिखेगा चेहरा

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। ईद का त्यौहार नजदीक है...

Vastu Tips: तुलसी का पौधा बनाएगा आपको मालामाल, बस करें ये खास उपाय

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। वास्तु शास्त्र हमारे जीवन के...