नई दिल्ली पटना, रफ्तार डेस्क। मिशन 2024 को लेकर जुटी सभी विपक्षी पार्टियों के लिए एक और बुरी खबर है। यहां पर होने वाली मीटिंग जिससे विपक्षी एकता को ताकत मिलने वाली थी, उसे फिलहाल के लिए टाल दिया गया है। विपक्षी पार्टियों की प्रस्तावित बैठक टलने की जानकारी सामने आते ही सियासी गलियारों में इस पर जोरों से चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि यह भी खबर आ रही है कि यह बैठक 23 जून को पटना में हो सकती है, लेकिन इस पर अभी कोई आधिकारिक सूचना सामने नहीं आई है।
क्यों टाली गई बैठक
बिहार कांग्रेस के अध्यख अखिलेश प्रसाद सिंह ने समाचार एजेंसी को बताया कि पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी विदेश दौरे पर हैं। ऐसे में यह उम्मीद की जा रही है कि वह फिलहाल के तय कार्यक्रम के तहत 12 जून तक शायद देश वापस नहीं लौट पाएं। इसलिए बैठक में शामिल नहीं हो सकते हैं। बता दें कि राहुल फिलहाल अमेरिका के दौरे पर हैं जहां से वह केंद्र की भाजपा सरकार पर लगातार निशाना साध रहे हैं। वहीं तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन भी पटना आने में असमर्थ हैं। इन्ही सब कारणों को लेकर बैठक टाली गई है। यह भी बता दें कि यह तीसरा मौका है जब विपक्षी एकता को लेकर होने वाली बैठक की तारीख को आगे बढ़ाया गया है।
पहले कब-कब टली है यह बैठक
विपक्षी पार्टियों की बैठक सबसे पहले 19 मई को पटना में होने की बात कही गई। इसके बाद कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को मिली जीत के बाद वहां सरकार गठन के बाद शपथ ग्रहण समारोह के चलते बैठक टाल दी गई। उसके बाद मई के अंतिम सप्ताह में यह बैठक होनी थी, लेकिन नहीं हो पाई। फिर नई तारीख 12 जून को दी गई।
नीतीश की अगुवाई में जुटने वाले थे सभी विपक्षी दल
बता दें कि भारतीय जनता पार्टी से अलग होकर नीतीश की पार्टी जदूय एक बार फिर राजद के साथ महागठबंधन में आई। इसके बाद से ही नीतीश कुमार विपक्षी दलों को भाजपा के खिलाफ एकजुट करने की मुहिम में जुटे हुए हैं। इसी कड़ी में नीतीश कुमार कई राज्यों का दौरा कर वहां के प्रमुख नेताओं से मुलाकात का सिलसिला जारी रखे हुए हैं। कभी दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल तो बंगाल की टीएमसी की प्रमुख ममता बनर्जी जैसी दिग्गत नेताओं के संपर्क में नीतीश बने हुए हैं। उन्होंने ऐसे कई आयोजन पर बताया कि विपक्षी नेताओं से मुलाकात और बातचीत काफी सकारात्मक हुई।




