नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। हिंदू धर्म में वैसे तो लगभग हर महीने ही कोई न कोई त्योहार होता है लेकिन अगर इन सब में किसी खास त्योहार का इंतजार होता है तो वो है सावन का महीना जो धार्मिक दृष्टि से तो खास माना ही जाता है बल्कि सात्विक दृष्टि से भी बेहद खास माना गया है क्योकि बरसात आने के साथ ही शिव भक्तों के लिए भोलेनाथ को मनाने व उनकी पूजा करने शुभ सावन आ जाता है इसमें किए गए पूजा तप का पूरे बारह महीने के बराबर पूजा का फल मिलता है आइए जाने कब से शुरु हो रहा सावन का महीना।
सावन में भगवान शिव की पूजा का विशेष महत्व
सावन में भगवान शिव की पूजा का विशेष महत्व होता है। सावन के सभी सोमवार का व्रत रखने का खास महत्व शिव पुराण में माना जाता है।, सावन का आरंभ इस बार 11 जुलाई से होने जा रहा है, जिसमें पहला सोमवार 14 जुलाई को पड़ रहा है। मान्यता अनुसार, इस व्रत को करने से शिव भक्तों को भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है । इसके प्रभाव से आपके जीवन में सुख शांति और संपन्नता बढ़ती है । सावन में इस बार कुल कितने सोमवार पड़ेंगे और जानें सभी की तिथियां।
इस बार 11 जुलाई से शुरू हो रहा है।
इस महीने में सावन का महीना इस बार 11 जुलाई से शुरू हो रहा है। सोमवार का दिन भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित है। इस दिन उनकी पूजा करना बहुत अच्छा माना जाता है। मान्यता है कि सोमवार का व्रत रखने से शादीशुदा जीवन खुशहाल रहता है और साथ ही, कुंवारी लड़कियों को मनचाहा जीवनसाथी मिलता है। सावन सोमवार में भगवान शिव का जलाभिषेक करते रहन से जीवन के सारे दुख दूर हो जाते हैं और मनचाही इच्छा पूरी होती है।
सावन 2025 का महीना कब से कब तक
11 जुलाई से शुरू हो रहे सावन का महीना 9 अगस्त को खत्म होगा। सावन के महीने में भगवान शिव की पूजा की जाती है और भक्त सोमवार का व्रत रखते हैं। जो कि इस बार सावन में 4 सोमवार व्रत पड़ेंगे।
जाने सभी व्रतों की तिथि
पहला सोमवार : 14 जुलाई को
दूसरा सोमवार : 21 जुलाई को
तीसरा सोमवार : 28 जुलाई
चौथा सोमवार : 04 अगस्त को
शिव पुराण के अनुसार
शिव पुराण के अनुसार, सावन सोमवार का व्रत करने से भगवान शिव की कृपा बनी रहती है। व साथ ही किस्मत में जो नही भी लिखा वो भी अपने किए गए तप कर्म से मिल जाता है, वही भगवान शिव की कृपा बनी रहती है। साथ ही व्रत करनेवाले भक्तों की समस्त परेशानी दूर होकर बुरे ग्रह भी शुभ फल देने लगते है। इसलिए सभी को सावन में सोमवार को जरूर पूजा करनी चाहिए और व्रत रखना चाहिए।





