नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। हिन्दू धर्म में एकादशी का बहुत ही महत्व होता है। वहीं आज 11 दिसंबर 2024 को मोक्षदा एकादशी मनाई जा रही है। इस दिन भक्त विष्णु जी की पूजा करते हैं और उनकी कृपा प्राप्त करते हैं। ऐसा मना जाता है कि आज के दिन जो जातक सच्चे मन से व्रत करता हैं उसको मोक्ष की प्राप्ति होती है। विष्णु भगवान की कृपा सदैव उनके घर में बनी रहती है। लेकिन इस दौरान आपको कई बातों का ध्यान रखना चाहिए तो चलिए वो बातें जानते हैं।
मोक्षदा एकादशी के शुभ मुहूर्त
मोक्षदा एकादशी के दिन शुभ मुहूर्त पर पूजा की जाती है ताकि भगवान की कृपा प्राप्त कर सकें। ज्योतिष शास्त्रियों के अनुसार मोक्षदा एकादशी सुबह 3 बजकर 42 मिनट से शुरू होकर 12 दिसंबर को रात 1 बजकर 9 मिनट तक रहेगा। इस दिन विशेष सहयोग से वारियन योग भी बन रहा है, जो शाम 6 बजकर 45 मिनट तक रहेगा। यह समय पूजा अर्चना करने के लिए काफी शुभ माना जाता है और इस मुहूर्त में पूजा करने से व्यक्ति को सर्वश्रेष्ठ फल की प्राप्ति हो सकती है।इससे आपके घर परिवार में सदैव बरकत होती हैं।
मोक्षदा एकादशी के दिन इन मंत्रों का करें जाप
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय
श्रीकृष्ण गोविन्द हरे मुरारे। हे नाथ नारायण वासुदेवाय।।
ॐ नारायणाय विद्महे। वासुदेवाय धीमहि। तन्नो विष्णु प्रचोदयात्।।
ॐ विष्णवे नम:
ॐ हूं विष्णवे नम:
ॐ नमो नारायण। श्री मन नारायण नारायण हरि हरि।
ॐ अं वासुदेवाय नम:
ॐ आं संकर्षणाय नम:
ॐ अं प्रद्युम्नाय नम:
ॐ अ: अनिरुद्धाय नम:
ॐ नारायणाय नम:
मोक्षदा एकादशी की पूजा विधि
मोक्षदा एकादशी के दिन आपको ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करके भगवान के मंदिर में जाकर उनके व्रत का संकल्प लेना चाहिए। व्रत के संकल्प लेने के बाद आप उनकी पूजा के लिए पीला फूल, पीला लड्डू और पीला वस्त्र लाकर उन्हें अर्पित करें। इसके बाद धूपबत्ती दीपक जलाए। इसके बाद भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की विधि विधान अनुसार पूजा करें। इसके बाद एकादशी व्रत की कथा सुनी और विष्णु भगवान के मंत्रों का जाप करें। इस विधिपूर्वक पूजा से न केवल मोक्ष की प्राप्ति होती है, बल्कि जीवन में समृद्धि और शांति का वास होता है। और भगवान को भोग लगाकर उनकी आरती करके पूजा को समाप्त करें।
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