नई दिल्ली रफ्तार डेस्क 21January: हिंदू धर्म के अनुसार ऐसे कई व्रत और पूजा पाठ है। जिनको करने से आपके जीवन में सुख शांति आती है और कासन का निवारण होता है। वहीं अगर आप संतान की प्राप्ति के लिए भी कई सारे व्रत होते हैं। उसमें से एक है पुत्रदा एकादशी का व्रत
पुत्रदा एकादशी व्रत का महत्व
पुत्रदा एकादशी व्रत संतान की प्राप्ति के लिए किया जाता है। जिन गृहस्थ लोगों को संतान प्राप्ति में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा हो, उनके लिए भी यह व्रत लाभकारी कहा गया है।गर्भ न ठहरना या गर्भपात हो जाना जैसे समस्याओं के समाधान के लिए यह व्रत रखा जाता है। वहीं इस बार पुत्रदा एकादशी 21 जनवरी 2024 को है और व्रत का पारण 22 जनवरी 2024 को प्रातः 7:21 बजे से 9:12 बज तक होगा।
पुत्रदा एकादशी इन वस्तुओं का करें दान
पौष पुत्रदा एकादशी के दिन अगर विष्णु जी के साथ मां तुलसी की पूजा की जाए जोकि मां लक्ष्मी स्वरूपा हैं तो आर्थिक समस्याएं नष्ट होती है। शाम के समय तुलसीजी की के पास घी का दीया जालाए और 5 या 11 बार परिक्रमा करें, लाभ होगा। वहीं इस दिन दान देने का भी महत्व होता है।पुत्रदा एकादशी पर पीले चावल, चने की दाल के साथ ही केला, गुड़, पीले वस्त्र आदि जरूरतमंदों को दान करना काफी लाभकारी होता है।
इन मंत्रों का करें जाप
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ॐ नमो भगवते वासुदेवाय
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ॐ विष्णवे नम:
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श्रीकृष्ण गोविन्द हरे मुरारे। हे नाथ नारायण वासुदेवा
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ॐ नमो नारायण
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ॐ नारायणाय नम:
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ॐ श्रींह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद
प्रसीद श्रीं ह्रीं श्रीं ॐ महालक्ष्मी नम:
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शान्ताकारं भुजगशयनं पद्मनाभं सुरेशं
विश्वाधारं गगनसदृशं मेघवर्ण शुभाङ्गम्।लक्ष्मीकान्तं कमलनयनं योगिभिर्ध्यानगम्यम्वन्दे विष्णुं भवभयहरं सर्वलोकैकनाथम्॥
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ॐ ह्रीं कार्तविर्यार्जुनो नाम राजा बाहु सहस्त्रवान।
यस्य स्मरेण मात्रेण ह्रतं नष्टं च लभ्यते।।
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