Pradosh Mantra: प्रदोष व्रत पर भोलेनाथ के इन मंत्रों का करें जाप

प्रदोष व्रत भोलेनाथ का बेहद खास व्रत है इस दिन ऐसे कई मंत्र होते हैं जिनके जाप से आपको सुख समृद्धि और कष्टों मिलती है।
Mantra of Pradosh Vrat
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नई दिल्ली रफ्तार डेस्क 21 February 2024: फरवरी महीने की शुक्ल पक्ष में पढ़ने वाला प्रदोष व्रत आज यानि 21 फरवरी को पड़ रहा है। यह व्रत करने से भगवान शिव अपने भक्तों के ऊपर कृपा बनाए रखते हैं और उनकी सभी परेशानियों को दूर करते है। और इस बार या मृत बुधवार को पड़ रहा है तो इसे बुध प्रदोष व्रत भी कहते हैं।

प्रदोष व्रत के दिन इस तरह करें पूजा

प्रदोष व्रत के दिन आपको सुबह सवेरे उठकर स्नान करना चाहिए। और भगवान भोलेनाथ को जल चढ़ाना चाहिए। इसके बाद आपको व्रत का संकल्प लेना चाहिए। इस व्रत की पूजा शाम को की जाती है। भगवान को जल चढ़ाने के बाद तिलक, फूल, फल और धूपबत्ती जलाकर उनकी पूजा करें। फिर उनको भोग लगाकर उनकी आरती करें। साथ में ही आपको प्रदोष व्रत की कथा भी पढ़नी चाहिए। प्रदोष व्रत अलग-अलग दिन पड़ता है । इस वजह से आपको आज बुध प्रदोष व्रत की कथा पढ़नी चाहिए। आपको बता दे पूजा करने का शुभ मुहूर्त शाम 6 बजकर 15 मिनट से रात 8 बजकर 47 मिनट तक है।

प्रदोष व्रत के दिन इन मंत्रो का करें जाप

ऊँ तत्पुरुषाय विद्महे महादेवाय धीमहि, तन्नो रुद्रः प्रचोदयात्।

यह गायत्री मंत्र गायत्री मंत्र है या मंत्र सबसे सर्व शक्तिशाली माना जाता है। बुध प्रदोष व्रत के दिन इस मंत्र से जातक को जीवन में सुख और शांति की प्राप्ति होती है।

श्री शिवाय नम:।। इस मंत्र को 108 बार जपना चाहिए। इस मंत्र से व्यक्ति का शरीर और दिमाग शांत रहता है। और महादेव भी उसपर अपनी कृपा बनाए रखते हैं।

ॐ नमो भगवते रुद्राय नमः

यह रुद्र मंत्र है। प्रदोष व्रत के दिन इसका जाप करना बेहद शुभ होता है। मान्यता है कि ये मंत्र भक्तों की सभी मनोकामनाएं शिव जी तक पहुंचाता है।

श्री शंकराय नम:।।

ओम नमो नीलकण्ठाय नम:।।

श्री महेश्वराय नम:।

द: स्वप्नदु: शकुन दुर्गतिदौर्मनस्य, दुर्भिक्षदुर्व्यसन दुस्सहदुर्यशांसि।

उत्पाततापविषभीतिमसद्रहार्ति, व्याधीश्चनाशयतुमे जगतातमीशः।।

ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्

उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥

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