नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। बिहार में नीतीश कुमार सरकार ने कैबिनेट विस्तार के बाद अब मंत्रियों के विभागों में बदलाव किया है। खासकर बीजेपी कोटे के मंत्रियों के विभागों में बड़ा फेरबदल हुआ है। कुछ मंत्रियों से विभाग वापस लिए गए हैं, तो कुछ को नए मंत्रालय सौंपे गए हैं।
किस मंत्री को कौन सा विभाग मिला? देखें पूरी सूची
सम्राट चौधरी – वित्त एवं वाणिज्य कर विभाग
विजय कुमार सिन्हा – कृषि विभाग, खान एवं भूतत्व विभाग
प्रेम कुमार – सहकारिता विभाग
रेणु देवी – पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग
मंगल पांडेय – स्वास्थ्य विभाग एवं विधि विभाग
नीरज कुमार बबलू – लोक स्वास्थ्य एवं अभियंत्रण विभाग
नीतीश मिश्रा – उद्योग विभाग
नितिन नवीन – पथ निर्माण विभाग
जनक राम – अनुसूचित जाति एवं जनजाति विभाग
हरि साहनी – पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग
कृष्णनंदन पासवान – गन्ना उद्योग विभाग
केदार गुप्ता – पंचायती राज विभाग
सुरेंद्र मेहता – खेल विभाग
संतोष सिंह – श्रम संसाधन विभाग
संजय सरावगी – राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग
सुनील कुमार – पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग
राजू कुमार सिंह – पर्यटन विभाग
मोती लाल प्रसाद – कला संस्कृति एवं युवा विभाग
जीवेश कुमार मिश्रा – नगर विकास एवं आवास विभाग
विजय कुमार मंडल – आपदा प्रबंधन विभाग
मंटू सिंह – सूचना प्रौद्योगिकी विभाग
संतोष सुमन – लघु जल संसाधन विभाग
कौन सा मंत्री किस विभाग से बदला गया
नितिन नवीन से नगर विकास मंत्रालय लेकर पथ निर्माण विभाग दिया गया। पहले नगर विकास मंत्रालय नितिन नवीन के पास था, अब जीवेश मिश्रा को सौंपा गया, तो वही संतोष सुमन से दो विभाग वापस लिए गए। उनके पास सूचना प्रौद्योगिकी और आपदा प्रबंधन विभाग थे, जो अब मंटू सिंह और विजय मंडल को दिए गए हैं। मंगल पांडेय से कृषि विभाग वापस लिया गया। कृषि विभाग अब विजय कुमार सिन्हा को सौंप दिया गया है। विजय कुमार सिन्हा से कला संस्कृति एवं युवा विभाग लेकर मोती लाल प्रसाद को दिया गया।
कैबिनेट विस्तार के बाद बड़ा फेरबदल
बीते बुधवार 26 फरवरी को बीजेपी के नए मंत्रियों ने शपथ ली थी। इसके बाद अब विभागों का बंटवारा किया गया है। इस फेरबदल के जरिए नीतीश कुमार और बीजेपी ने सरकार में संतुलन बनाने की कोशिश की है। बिहार की राजनीति में कैबिनेट फेरबदल हमेशा चर्चा का विषय रहता है। इस बार भी बीजेपी के कई मंत्रियों के विभागों में बदलाव किए गए हैं। नए मंत्रियों को भी बड़ी जिम्मेदारियां दी गई हैं। अब देखना होगा कि ये मंत्री अपने-अपने विभागों में कितनी सफलता से काम कर पाते हैं।




