नई दिल्ली , रफ्तार डेस्क । बिहार विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस वहां एक्टिव हो गई। इस सियासी सुगबुगाहट के साथ राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। चुनाव को लेकर कांग्रेस पार्टी अपनी तैयारियों में जुट गई है। राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा की तर्ज पर अब बिहार में रोजगार के मुद्दे पर कांग्रेस एक पदयात्रा निकालने जा रही है। इस पदयात्रा को ‘नौकरी दो’ नाम दिया गया है। इस पदयात्रा के में कांग्रेस एक महीने में 20 जिलों को कवर करेगी। इसका नेतृत्व NSUI करेगी और इस यात्रा में कन्हैया कुमार भी शामिल होंगे।
यात्रा के जरिए युवा नेता कन्हैया कुमार की वापसी
मिली जानकारी के मुताबिक, 16 मार्च से 14 अप्रैल तक कांग्रेस के युवा–छात्र नेता और कार्यकर्ता “बिहार को नौकरी दो यात्रा” निकालेंगे। यह यात्रा 4 हफ्तों में लगभग 20 जिलों से होकर गुज़रेगी। यात्रा के जरिए रोजगार, पेपर लीक,पलायन, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा आदि मुद्दों के ज़रिए युवाओं को पार्टी से जोड़ने की कोशिश होगी। इसमें कांग्रेस की छात्र इकाई NSUI के प्रभारी कन्हैया कुमार भी शामिल होंगे। ऐसे में इस अभियान को बिहार की सियासत में कन्हैया की वापसी के तौर पर देखा जा सकता है। इसे लेकर सूबे की सियासत में खूब चर्चा हो रही है।
यह यात्रा पूर्वी चंपारण के ऐतिहासिक गांधी आश्रम से शुरू होकर पटना तक जाएगी। करीब 4 हफ्तों में 400 से 500 किलोमीटर की यह पदयात्रा लगभग 20 जिलों से होकर गुज़रेगी। इस दौरान रोजगार, पेपरलीक, पलायन आदि मुद्दों के ज़रिए युवाओं को पार्टी से जोड़ने की कोशिश होगी। इस पदयात्रा की अगुवाई कांग्रेस पार्टी के युवा नेता कन्हैया कुमार करेंगे।
12 मार्च को बैठक, कार्यक्रम की रूपरेखा होगी तैयार
खास बात ये है कि, बिहार विधानसभा चुनाव से पहले शुरु होने जा रही है इस पदयात्रा में प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व के शामिल होने को लेकर सस्पेंस है। 12 मार्च को दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बिहार के नेताओं की बैठक बुलाई है जिसमें राहुल गांधी भी शामिल होंगे। इस बैठक में यात्रा की योजना पर औपचारिक मुहर लगेगी। वहीं कांग्रेस सूत्रों के अनुसार , पार्टी इस यात्रा से आगामी होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की अपनी रणनीति को अंतिम रूप देगी। इसमें RJD के साथ सीटों के तालमेल से लेकर प्रदेश चीफ के संभावित बदलाव से जुड़े अहम मुद्दे भी शामिल हैं।
कन्हैया के विधानसभा चुनाव लड़ने की अटकलें
ऐसा माना जा रहा है कि इस पदयात्रा का चेहरा कन्हैया कुमार बनने जा रहे हैं। कहा जा रहा है कि, इस बार कन्हैया बिहार में विधानसभा चुनाव भी लड़ सकते हैं। बीते लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने कन्हैया को उत्तर पूर्वी दिल्ली सीट से चुनाव लड़ाया था। तब माना गया था कि कन्हैया आगे दिल्ली की राजनीति करेंगे। लेकिन अब कन्हैया कुमार अपने राज्य की राजनीति में वापसी कर रहे हैं। नीतीश सरकार के ख़िलाफ़ बीते दिनों में हुए युवाओं के आंदोलन में प्रशांत किशोर की लोकप्रियता की काट के लिए कांग्रेस इस पदयात्रा में कन्हैया कुमार को उतार रही है।




