मुम्बई / रफ्तार डेस्क । महीनों के राजनीतिक घमासान के बाद महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 का नतीजा आ गया है। महाराष्ट्र में मतदान उत्साह के साथ हुआ, जिसमें पिछले तीन दशकों में सबसे अधिक मतदान हुआ। मतगणना के बाद महायुति (भाजपा-शिवसेना-राकांपा) 230 से ज्यादा सीटें जीतकर सत्ता में आ गई। महा अघाड़ी गठबंधन (एमवीए) को करीब 50 सीटे मिल रही है। 288 सदस्यीय महाराष्ट्र विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 145 है। इस लिहाज से महाराष्ट्र मे भाजपा-एकनाथ शिंदे-अजित पवार का गठबंधन महायुति पूर्ण बहुमत के साथ अगली सरकार बनाने जा रहा है, लेकिन तीनों दलों के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर खींचतान शुरू हो गई है। भाजपा के वरिष्ठ नेता और महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडनवीस शीर्ष पद के लिए सबसे मजबूत दावेदार माने जा रहे हैं। हालांकि, भाजपा के वरिष्ठ नेता और महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडनवीस ने इस बात को नकार दिया है। उन्होंने कहा है कि तीनों महायुति दल एक साथ बैठेंगे और “अच्छा निर्णय” लेंगे।
इसी बीच भाजपा नेता प्रवीण दारकेकर के हालिया बयान ने आग में घी डालने का काम किया है, जिसमें उन्होंने संकेत दिया है कि सीएम का पद गठबंधन में सबसे अधिक सीटें पाने वाली पार्टी को मिलेगा। इससे व्यापक अटकलें लगाई जा रही हैं कि भाजपा के देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री के रूप में वापस आ सकते हैं, जो संभावित रूप से वर्तमान सीएम एकनाथ शिंदे को दरकिनार कर सकते हैं।
इससे पहले अजित पवार को राज्य के अगले मुख्यमंत्री के रूप में पेश करने वाले एक पोस्टर ने सत्तारूढ़ महायुति में शीर्ष पद के लिए सत्ता संघर्ष को और बढ़ा दिया था। यह पोस्टर, जिसे पुणे में एक एनसीपी नेता ने लगाया था और बाद में हटा लिया गया। परिणाम आने के बाद शीर्ष पद के लिए खींचतान को उजागर करता है। एनसीपी नेता संतोष नांगरे ने कहा, “अजित दादा महाराष्ट्र के एक जन नेता हैं। उनका काम खुद बोलता है। वह जो कहते हैं, वह करते हैं। वह महाराष्ट्र के विकास के लिए बोलते हैं। इसलिए, एनसीपी के सभी कार्यकर्ताओं और नेताओं को लगता है कि उन्हें इस बार मुख्यमंत्री बनना चाहिए। यही कारण है कि हमने यह बैनर लगाया है।”
शिवसेना नेताओं ने भी एकनाथ शिंदे के लिए खुलकर वकालत की है और दावा किया है कि वह एक और कार्यकाल के हकदार हैं। पार्टी प्रवक्ता संजय शिरसाट ने कहा कि विधानसभा चुनाव मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के चेहरे पर लड़ा गया था। “मतदाताओं ने मतदान के माध्यम से शिंदे के लिए अपनी पसंद दिखाई है। शिरसाट ने कहा, “मुझे लगता है कि यह शिंदे का अधिकार है (अगला मुख्यमंत्री बनना) और हमें विश्वास है कि वह अगले मुख्यमंत्री होंगे।” हालांकि, भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस इन अटकलों को नकारा है। उन्होंने कहा है कि तीनों महायुति दल एक साथ बैठेंगे और “अच्छा निर्णय” लेंगे। वहीं, एनडीए की शानदार जीत और राज्य का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, इस सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए महाराष्ट्र के सीएम और शिवसेना नेता एकनाथ शिंदे ने कहा, “अंतिम नतीजे आने दीजिए…फिर, जिस तरह से हमने मिलकर चुनाव लड़ा था, उसी तरह तीनों पार्टियां एक साथ बैठकर फैसला लेंगी।”
महाराष्ट्र एक ऐसा राज्य है जिसने हाल के दिनों में सबसे बड़े राजनीतिक पुनर्गठन में से एक देखा जब 2019 में शिवसेना ने सीएम पद पर मतभेदों के बाद भाजपा से नाता तोड़ लिया और कांग्रेस और एनसीपी से हाथ मिला लिया। राज्य में सभी छह प्रमुख दल अपने-अपने नेताओं को मुख्यमंत्री बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं, ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि महाराष्ट्र में सीएम की कुर्सी पर कौन बैठता है?





