नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 के लिए 29 अक्टूबर 2024 को नामांकन प्रक्रिया पूरी हो गई। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में BJP के नेतृत्व वाली महायुति गठबंधन और कांग्रेस के नेतृत्व वाली MVA गठबंधन के बीच सीधी टक्कर है। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद दोनों ही गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर काफी खींचतान हुई थी।
कांग्रेस को MVA से सीट बंटवारे में 103 विधानसभा सीटें मिली
सीट बंटवारे को लेकर बीजेपी कांग्रेस के मुकाबले बाजी मारती हुई दिखाई दे रही है। बीजेपी महाराष्ट्र की 288 विधानसभा सीटों में से 150 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ने जा रही है। जबकि कांग्रेस को चुनाव लड़ने के लिए MVA से सीट बंटवारे में 103 विधानसभा सीटें मिली। बता दें कि सीट बंटवारे के दौरान शिवसेना (UBT) के नेता महाराष्ट्र कांग्रेस के नेतृत्व से नाराज थे। शिवसेना (UBT) के नेता का कहना था कि महाराष्ट्र कांग्रेस सीट बंटवारे को लेकर फैसला नहीं कर पा रही है। शिवसेना(UBT) के शीर्ष नेता आरोप लगा रहे थे कि नाना पटोले को सीट बंटवारे को लेकर हमेशा दिल्ली में पार्टी आलाकमान से पूछना पड़ता है। जिससे सीट बंटवारे को लेकर समय बर्बाद हो रहा है। इसके बाद शिवसेना (UBT) और कांग्रेस के बीच महाराष्ट्र की मुंबई विधानसभा सीट और विदर्भ विधानसभा सीट को लेकर भी टकराव हुआ था।
शरद पवार और उद्धव ने कांग्रेस आलाकमान से सख्त सौदेबाजी की
लेकिन बाद में शरद पवार ने स्थिति को संभाल लिया और MVA में सीट बंटवारे को लेकर अहम भूमिका निभाई, जिससे समय रहते कांग्रेस और शिवसेना (UBT) में सीट बंटवारे को लेकर विवाद सुलझ गया। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, शरद पवार और उद्धव ठाकरे ने कांग्रेस आलाकमान से सख्त सौदेबाजी की, जिसके कारण कांग्रेस महाराष्ट्र में सीट बंटवारे को लेकर अन्य दलों से पिछड़ गई। वहीं महायुती में एकनाथ शिंदे और अजित पवार BJP आलाकमान से सीधे संपर्क नहीं कर पाई, जिसके कारण महाराष्ट्र में सीट में बंटवारे में BJP के पक्ष में ज्यादा सीटें आई।





