नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव अपने सबसे चरम स्तर पर पहुंच गया है। राजनीतिक पार्टियों एक दूसरे पर वार पलटवार कर रही हैं। हालांकि बीजेपी सांसद धनंजय महाडिक ने अपने ही एक बयान से अपनी पार्टी को ही मुश्किल में डाल दिया है। उन्होंने कांग्रेस समर्थित महिलाओं के बारे में विवादित टिप्पणी की जिसके बाद चुनाव आयोग ने नोटिस जारी करके उनसे जवाब मांगा है।
महिलाओं पर की विवादित टिप्पणी
चुनावी प्रचार के दौरान महाराष्ट्र से बीजेपी सांसद धनंजय महाडिक ने महिलाओं पर दिए गए बयान से बीजेपी को मुश्किल में डाल दिया है। धनंजय ने कहा कि जो भी महिला महाराष्ट्र सरकार की चलाई गई लाडली बहिन योजना से ₹1500 लेती हैं वह अगर कांग्रेस या किसी अन्य विरोधी दल की रैली में दिख गईं तो हम उसका सही बंदोबस्त कर देंगे। उन्होंने अपने समर्थकों से यह भी कहा कि ऐसी महिलाओं की तुरंत फोटो खींचना और हम तक पहुंचाना ताकि उन पर कार्रवाई की जा सके और उनकी राशि पर रोक लगाई जा सके।
चुनाव आयोग ने नोटिस जारी कर मांगा जवाब
बीजेपी सांसद के इस बयान के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भूचाल आ गया। चुनाव आयोग ने भी देरी ना करते हुए उनके इस बयान पर संज्ञान लिया और सेक्शन 179 के तहत उन्हें नोटिस जारी कर जवाब मांगा। हालांकि उन्होंने मामले को तूल पकड़ता हुआ देख अपने बयान पर माफी मांग ली है। उन्होंने कहा कि “मेरे बयान का मकसद किसी मां या बहन को ठेस पहुंचाना नहीं था। अगर मेरे बयान से किसी को ठेस पहुंची है तो मैं माफी मांगता हूँ।” महाडिक की विवादित टिप्पणी पर एनसीपी (SP) सांसद सुप्रिया सुले ने महिला आयोग से उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। महाविकास अघाड़ी (MVA) की कड़ी आलोचना के बाद, महाडिक ने अपनी टिप्पणी के लिए माफ़ी मांगी





