नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए दर्दनाक आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। इस हमले में 26 निर्दोष हिंदुओं की हत्या के बाद भारत ने साफ कर दिया है कि अब चुप नहीं बैठा जाएगा। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिका को भी भारत की मंशा स्पष्ट कर दी है, “गुनहगारों और उनके पनाहगारों को छोड़ा नहीं जाएगा।
रात में हुआ फोन कॉल, जयशंकर ने बताया भारत क्या करेगा
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर से फोन पर बात की। इस बातचीत में अमेरिका ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की। लेकिन जयशंकर ने कहा कि भारत अब केवल शांति की बातें नहीं करेगा, बल्कि जो भी इस हमले में शामिल है, उसे सजा जरूर मिलेगी।
“दुनिया को भारत की मंशा पता चल गई है”
जयशंकर ने एक्स पर खुद इस बातचीत की जानकारी दी। उन्होंने लिखा “मैंने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो से पहलगाम आतंकी हमले को लेकर बात की। इस हमले को अंजाम देने वाले दोषियों और उनके समर्थकों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाएगी। मार्को रुबियो ने पाक प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से भी बात की और साफ कहा कि पाकिस्तान को पहलगाम हमले की जांच में सहयोग करना चाहिए और इस हमले की खुलकर निंदा करनी चाहिए। अमेरिका ने पाकिस्तान से दक्षिण एशिया में शांति बनाए रखने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा।
“जरूरत पड़ी तो बम से भी जवाब मिलेगा”
भारत ने कहा है कि वह केवल पानी रोकने या कूटनीतिक दबाव तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि अगर जरूरत पड़ी, तो सैन्य कार्रवाई से भी पीछे नहीं हटेगा। सेना को पूरी छूट दी जा चुकी है और पूरे देश में गुस्सा है।भारत ने स्पष्ट संकेत दे दिया है कि इस बार जवाब कड़ा और निर्णायक होगा। भले ही अमेरिका शांति की अपील कर रहा है, लेकिन भारत अपने नागरिकों की जान लेने वालों को बख्शने के मूड में नहीं है। अमेरिकी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता टैमी ब्रूस ने कहा कि पहलगाम में हुआ हमला न सिर्फ भारत, बल्कि पूरे दक्षिण एशिया की शांति और स्थिरता के लिए खतरा है। अमेरिका भारत के साथ मिलकर आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है।





