back to top
24.1 C
New Delhi
Saturday, March 14, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

कोडनाड हत्याकांड: केरल में नीलगिरी पुलिस, पलानीस्वामी नाराज

चेन्नई, 8 सितम्बर (आईएएनएस)। कोडनाड एस्टेट हत्या और डकैती मामले में संदिग्धों और गवाहों को समन जारी करने के लिए नीलगिरी से पुलिस अधिकारियों का एक दल केरल पहुंचा है। टीम मंगलवार को केरल के लिए रवाना हुई और पड़ोसी राज्य में जांच कर रही है क्योंकि जमानत पर बाहर कुछ आरोपी केरल में हैं। आईजी वेस्ट जोन, आर. सुधाकर, डीआईजी मुथुस्वामी और नीलगिरी के पुलिस अधीक्षक आशीष रावत सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मामले की प्रगति रिपोर्ट को पुनर्जीवित किया है। अभियोजन पक्ष का मामला यह था कि लोगों के एक समूह ने 24 अप्रैल, 2017 को कोडनाड समर एस्टेट में घुसकर एक चौकीदार ओम बहादुर की हत्या कर दी और एक अन्य चौकीदार कृष्ण बहादुर को घायल कर दिया। लुटेरों ने एस्टेट बंगले से 5 घड़ियां और एक क्रिस्टल की मूर्ति चुरा ली थी। 2021 में सत्ता में आई डीएमके सरकार ने उस मामले को फिर से खोल दिया, जिसमें उच्च राजनीतिक संबंध हैं क्योंकि संपत्ति का स्वामित्व तमिलनाडु की दिवंगत मुख्यमंत्री जे जयललिता और उनकी करीबी वी.के.शशिकला के पास था। अन्नाद्रमुक को संदेह है कि सरकार का कदम पूर्व मुख्यमंत्री और पार्टी के वरिष्ठ नेता के. पलानीस्वामी को मामले में फंसाना है। मामले के 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया और बाद में दिवंगत मुख्यमंत्री कनगराज के ड्राइवर को छोड़कर जमानत पर रिहा कर दिया गया, जिनकी सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। नीलगिरी में पुलिस अधिकारियों ने आईएएनएस को बताया कि कई संदिग्ध केरल के हैं। इन संदिग्धों के बारे में पूछे जाने पर पुलिस चुप्पी साधे रही। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को तमिलनाडु पुलिस को कोडनाड हत्या और डकैती मामले में फिर से जांच करने की अनुमति दी। शीर्ष अदालत ने आगे की जांच पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया। कोर्ट ने कहा, हम तमिलनाडु पुलिस की जांच में दखल नहीं दे सकते और सच्चाई को आखिरकार सामने आना चाहिए। अभियोजन पक्ष के गवाह और अन्नाद्रमुक सदस्य अनुभव रवि द्वारा दायर की गई याचिका में कहा गया है कि उन्हें तमिलनाडु पुलिस द्वारा एक अनुकूल गवाह का बयान देने की धमकी दी जा रही है। याचिका में रवि ने अदालत से पूछा कि चार्जशीट दाखिल होने के बाद मामले की दोबारा जांच क्यों की जा रही है और उनसे पूछताछ की जा चुकी है। इसे अन्नाद्रमुक और पूर्व मुख्यमंत्री के लिए एक बड़े झटके के तौर पर देखा जा रहा है। पलनीस्वामी ने आरोप लगाया है कि स्टालिन के नेतृत्व वाली द्रमुक सरकार उन्हें मामले में फंसाने की कोशिश कर रही है। विशेष जांच दल 29 अप्रैल, 2017 को केरल के पलक्कड़ जिले के कन्नडी में हुई सड़क दुर्घटना की भी जांच कर सकता है, जिसमें मुख्य आरोपी के.पी. उनकी पत्नी और बेटे सहित सायन के परिवार की मृत्यु हो गई और वह घायल हो गया था। कोडनाड हत्या और डकैती का मामला द्रमुक और अन्नाद्रमुक के बीच मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने विधानसभा को बताया कि द्रमुक और सरकार बदले की भावना के साथ काम नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि सच्चाई सामने आनी चाहिए और द्रमुक ने तमिलनाडु के लोगों से वादा किया था कि सत्ता में आने के बाद कोडनाड हत्या और डकैती मामले में उचित जांच की जाएगी। दिलचस्प बात यह है कि इस मामले का असर अन्नाद्रमुक में भी होगा क्योंकि इस बात की संभावना है कि जांच में पलानीस्वामी के खिलाफ कुछ नकारात्मक सामने आने पर पूर्व उपमुख्यमंत्री ओ. पनीरसेल्वम के करीबी लोग पार्टी को संभालने की कोशिश कर रहे हैं। –आईएएनएस एचके/आरजेएस

Advertisementspot_img

Also Read:

उत्तम नगर हत्याकांड के नाम पर फर्जीवाड़ा बेनकाब, 2 दिन में ठग लिए लाखों रुपये

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। राजधानी दिल्ली में 4 मार्च को होली के दिन उत्तम नगर दो परिवारों के बीच विवाद देखने को मिला था जिसमें...
spot_img

Latest Stories

दिल्ली-NCR में तपती गर्मी पर लग सकता है ब्रेक, 15 मार्च को हल्की बारिश के आसार

नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। राजधानी Delhi और आसपास के NCR...

Aamir Khan Birthday: एक्टर की वो फिल्में जिनको देख दर्शक हो गए हैरान, जानिए लिस्ट

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। आमिर खान ने अब तक...

चेहरे में जमी Tanning की हो जाएगी छुट्टी, बस अपनाएं यह ट्रिक

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। आज के समय में देखा...

Vastu Tips: घर और बिजनेस में तरक्की के लिए करें ये वास्तु उपाय, दूर होगी कंगाली

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। जीवन में सुख समृद्धि और...